राज्य सरकार अपने नागरिकों के लिए राशन कार्ड को वितरण करती है। राशन कार्ड सिर्फ एक ही राज्य के निवासी उपभोक्ता के लिए तैयार किया जाता है, वह नागरिक दूसरे राज्य में जाकर अपने राशन कार्ड का ई कार्ड नहीं कर सकता लेकिन अब केंद्र सरकार के खाद्य मंत्री रामविलास पासवान द्वारा यह निर्धारित किया गया है कि सभी उपभोक्ता एक अनशन कार्ड से ही देश भर में राशन का लाभ उठा सकते हैं और दुकानों से अपने - अपने हिस्से का अनाज प्राप्त कर सकते हैं। इस स्कीम को एक देश एक राशन कार्ड के नाम से जाना जा रहा है |


एक देश एक राशन कार्ड योजना | वन नेशन वन राशन कार्ड/One Nation One ration card scheme online apply

हाल ही में हुई बैठक में पासवान द्वारा कई मुद्दों पर चर्चा की गयी जैसे राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून के अनुकूल कार्यान्वयनयन, खाद्यान्नों के भंडारण, पूर्ण सत्यापन, और वितरण में संरक्षण और तो और एफसीआई, सीडब्ल्यूसी और एसडब्ल्यूसी डिपो के डिपो ऑनलाइन सिस्टम (डीएएस) के साथ समन्वय बनाए रखने के साथ एक यह मुद्दा भी रखा गया है।


एक देश एक राशन कार्ड योजना के तहत हर क्षेत्र के निवासी को राशन कार्ड की सुविधा देश में हर किसी राज्य में दे दी जानी चाहिए। वह व्यक्ति कहीं भी अपने राशन कार्ड से इस योजना के तहत अन्न किसी भी पीडीएफएस की दुकान से अपना एक दिन का अन्न प्राप्त कर रहा है। यह हर एक नगरिक के लिए बहुत बड़ी राहत की बात है।


वन नेशन वन राशन कार्ड अगस्त 2021 से लागू होगा

देश के प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने 30 जून 2021 को भारत के गरीब परिवारों को एक नई सौगात दी है। अब अगस्त महीने से भारत में वन नेशन वन राशन कार्ड का नियम लागू हो जाएगा। यानी अगर आप देश के किसी भी राज्य में क्यों ना हो तो आपको कम दामों में राशन मिल सकेगा। इससे पहले हर राज्य के अलग अलग राशन कार्ड होते थे, जिसकी वजह से गरीब लोग अगर काम की तलाश में बाहर जाते थे, तो उन्हे सस्ते दामों पर राशन और अन्य सुविधाएं नहीं मिल पाती थी। लेकिन अब वन नेशन वन राशन कार्ड के आ जाने के बाद यह समस्या पूरी तरह खत्म हो जाएगी।

One Nation One ration card website

एक देश, एक राशन कार्ड योजना के लाभ

इस योजना के अंतर्गत प्रवासी मजदूरों को लाभ प्राप्त होगा जो गरीब है और रोजगार की तलाश में एक राज्य से दुसरे राज्य में जाकर अवसर खोजा रहता है।

सभी लाभार्थी इस एक देश, एक राशन कार्ड योजना के तहत अपना राशन किसी भी राज्य की पीडीएफएस राशन केंद्र से लेने में पूर्ण रूप से स्वतंत्र रहेंगे।

राशन के किसी भी केंद्र पर जाकर इस योजना का लाभ उठाया जा सकता है। किसी एक केंद्र से राशन प्राप्त करने की बाध्यता नहीं होगी। इससे किसी एक ही राशन के विक्रेता पर ही सारा भार नहीं पड़ेगा।

अच्छी बात यह है कि देश के कई राज्यों में पीडीएफएस प्रणाली के एकीकृत प्रबंधन की शुरुआत बड़ी तेजी से सरकार द्वारा कर दी गयी है जिसके तहत आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, कर्नाटक, गुजरात, हरियाणा, झारखंड, केरल, तेलंगाना और साथ ही त्रिपुरा हैं। जैसे राज्य सम्मिलित है।

यह एक देश, एक राशन कार्ड योजना को केंद्र सरकार समय ही पूरे देश के विभिन्न राज्यो में स्थापित करना चाहती है ताकि बहुत से ज्यादा लोग इस योजना का लाभ उठा सकें।

खाद्य और सार्वजनिक वितरण विभाग इस योजना को बढ़ावा देते हुए बड़े स्तर पर काम कर रहा है ताकि अगले महीने तक तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के लाभार्थी भी एक देश, एक राशन कार्ड योजना का पीडीएफएस की दुकानों से और कथित लाभ उठा सकें।

एक देश, एक राशन कार्ड योजना के तहत भ्रष्टाचार के किस्से कम होंगे और हर उपभोक्ता अपने राशन कार्ड की मदद से अन्न को किसी भी pdfS की दुकानों से प्रेरणा व बड़ी ही आसानी से खरीद सकेगा।

खाद्य और वितरण वितरण विभाग एक देश, एक राशन कार्ड योजना के तहत सभी कार्य उद्देश्य पूर्वक संपन्न कर रहा है।


क्या "वन नेशन वन राशन कार्ड" योजना 2021 में देश के प्रवासी मजदूरों के लिए वास्तव में मददगार होगी?

सरकार की जो वन नेशन वन राशन कार्ड की पहल जो काफी हद तक प्रवासी मजदूरों और दैनिक ग्रामीणों को कवर करेगी इसलिए इस योजना का लाभ होना स्वाभाविक है |


मैं योजना वन नेशन, वन राशन कार्ड की योजना के लिए कैसे आवेदन कर सकता हूं? ‘वन नेशन, वन राशन कार्ड की योजना के लिए आवेदन करने के लिए पात्रता मानदंड क्या हैं?

आपको अपने राज्य में नियमित राशन कार्ड के लिए आवेदन करना होगा यदि आप उस राज्य में पात्र हैं। जब आपका राज्य इस योजना में शामिल हो जाता है तो आप राशन कार्ड के बारे में आपको बताएं।


"वन नेशन वन राशन कार्ड" क्या है?

वन नेशन वन राशन कार्ड योजना खाद्य सुरक्षा जरूरतों की पोर्टेबिलिटी की अनुमति होगी।

इसका मतलब है कि गरीब प्रवासी श्रमिक देश के किसी भी राशन की दुकान से रियायती चावल और गेहूं खरीद करेंगे, जब तक कि उनके राशन कार्ड के आधार से सूची नहीं बन जाएगी।

Post a Comment

Previous Post Next Post